Posts

Showing posts from May, 2026

मानू का यादगार कैलेंडर 2026 ‘अठारह चराग़ एक रोशनी’

Image
रात का सफर तय करके सूरज जब अंधेरी गुफ़ाओं से बाहर निकलता है तो सुबह यह पैग़ाम देती है कि अंधेरा छट गया है और रोशनी सामने खड़ी ज़िंदगी को नई राह दिखा रही है। फिर अंधेरा चाहे ज़िंदगी के हालात का हो या अज्ञानता का, उसे दूर करने का एक ही तरीका है-ज्ञान... और ज्ञान की शुरूआत निश्चित ही क़लम और कागज़ के सदुपयोग अर्थात पढ़ने-लिखने से ही हो सकती है। अज्ञानता के लिए उर्दू में एक शब्द है, जहालत। यह जीवन में सबसे बुरी अवस्थाओं में से एक है। देखा गया है कि हज़ारों, बल्कि लाखों लोग इस अवस्था से गुज़रते हुए महसूस ही नहीं करते कि उन्होंने खुद को और दुनिया में आने के मक़सद को बिना जाने ही सारी उम्र गुज़ार दी। अब जिन्हें अंधेरे में रोशनी मिल गयी, जिन्होंने अपने जीने की राह के पहले सिरे को पकड़ लिया, कुछ आगे बढ़ गये, उनका गुणगान ज़रूरी है। शायद इसी बात को महसूस करते हुए मौलाना आज़ाद नेशनल उर्दू यूनिवर्सिटी ने अपने विद्यार्थियों को इस साल अपने कैलेंडर का नायक बनाया है, निश्चित रूप से इसमें छात्र-छात्राएँ दोनों शामिल हैं। ‘ अठारह चराग़ एक रोशनी ’ यही शीर्षक है इस कैलेंडर का। दर असल उस दिन मैं रीति काल प...